उत्तराखंड फिल्म नीति 2024 का असर दिखने लगा, युवाओं को मिली लाखों रुपये की छात्रवृत्ति
देहरादून: उत्तराखंड फिल्म नीति 2024 के लागू होने के बाद राज्य के युवाओं को इसका प्रत्यक्ष लाभ मिलना शुरू हो गया है। उत्तराखंड फिल्म विकास परिषद ने फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (FTII), पुणे से पढ़ाई पूरी करने वाले तीन युवाओं को छात्रवृत्ति प्रदान की है। सरकार का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य फिल्म और मीडिया क्षेत्र में करियर बनाने वाले प्रतिभाशाली युवाओं को आर्थिक सहयोग देकर उनके सपनों को नई उड़ान देना है।
उत्तराखंड फिल्म नीति 2024 के तहत राज्य के स्थायी निवासी छात्र-छात्राओं को फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (FTII), पुणे, सत्यजीत रे फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट (SRFTI), कोलकाता तथा अन्य प्रतिष्ठित फिल्म संस्थानों में प्रवेश लेने पर छात्रवृत्ति का प्रावधान किया गया है। पाठ्यक्रम पूरा करने और प्रमाणपत्र प्राप्त करने के बाद मेरिट के आधार पर यह सहायता राशि प्रदान की जाती है। नीति के अनुसार अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों को पाठ्यक्रम व्यय का 75 प्रतिशत, जबकि सामान्य वर्ग के विद्यार्थियों को 50 प्रतिशत तक छात्रवृत्ति दी जाती है।
उत्तराखंड फिल्म विकास परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी बंशीधर तिवारी ने बताया कि रुद्रप्रयाग के उखीमठ निवासी प्रवीण सेमवाल को एक वर्षीय स्नातकोत्तर सर्टिफिकेट कोर्स के लिए 65,682 रुपये की छात्रवृत्ति दी गई है। वहीं चमोली जिले के हरनी (मुंदोली) निवासी कविता को दो वर्षीय स्नातकोत्तर डिप्लोमा के लिए 1,27,619 रुपये और नैनीताल के तल्लीताल निवासी देवेश भट्ट को तीन वर्षीय स्नातकोत्तर डिप्लोमा कोर्स के लिए 1,38,990 रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई है। तीनों विद्यार्थियों ने एफटीआईआई, पुणे से अपनी पढ़ाई पूरी की है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड के युवाओं में रचनात्मक प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। राज्य सरकार का प्रयास है कि उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने के लिए बेहतर अवसर और आवश्यक आर्थिक सहयोग मिले। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड फिल्म नीति 2024 इसी सोच के साथ तैयार की गई है, ताकि फिल्म, टेलीविजन और मीडिया क्षेत्र में करियर बनाने वाले युवाओं को प्रोत्साहन मिल सके।
राज्य सरकार का मानना है कि फिल्म नीति के माध्यम से न केवल उत्तराखंड में फिल्म निर्माण को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार, प्रशिक्षण और कौशल विकास के नए अवसर भी पैदा होंगे। छात्रवृत्ति योजना को इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे राज्य के प्रतिभाशाली युवा बिना आर्थिक बाधाओं के अपने सपनों को साकार कर सकें।