जसपुर में राजनीतिक घमासान तेज, विधायक आदेश चौहान ने उठाए फर्जी लाइसेंस और भूमि विवाद के मुद्दे
जसपुर विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक माहौल उस समय गरमा गया जब कांग्रेस विधायक आदेश सिंह चौहान ने प्रेस वार्ता कर फर्जी शस्त्र लाइसेंस मामले और नगर पालिका की भूमि से जुड़े विवादों को लेकर कई गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि हाल ही में सामने आए फर्जी शस्त्र लाइसेंस मामले की तह तक पहुंचने के लिए व्यापक जांच की आवश्यकता है।
विधायक चौहान ने कहा कि जिन दो व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई हुई है, वे एक वायरल वीडियो में पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता के साथ दिखाई देते हैं। ऐसे में यह जरूरी है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए ताकि किसी भी प्रकार की सच्चाई छिप न सके।
इसके अलावा उन्होंने जसपुर नगर पालिका की उस बहुमूल्य भूमि का मुद्दा भी उठाया, जिस पर वर्षों तक कानूनी लड़ाई चली। उन्होंने बताया कि सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद भी संबंधित भूमि को राजस्व अभिलेखों में दर्ज नहीं किया गया, जो प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल खड़ा करता है।
विधायक ने कहा कि यदि समय रहते इस मामले को नहीं उठाया जाता तो नगर पालिका अपनी महत्वपूर्ण संपत्ति से वंचित हो सकती थी। उन्होंने मांग की कि मामले में जिम्मेदार अधिकारियों की पहचान कर उनके खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए तथा पालिका की संपत्तियों को सुरक्षित रखने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि विधायक के इन आरोपों के बाद जसपुर की राजनीति में नई बहस शुरू हो सकती है और आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सियासी बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।